समाजवादी पार्टी के मुखिया और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने आज हमीरपुर की राठ विधानसभा क्षेत्र के मुस्करा गांव के किसानों से संवाद के दौरान अगर किसान खुशहाल नहीं हैं तो देश कभी तरक्की नहीं कर सकता.

अखिलेश यादव ने कहा कि किसानों ने कोविड-19 के संक्रमण काल के दौरान खाद्य की आपूर्ति कर में काफी मदद की, लेकिन भाजपा राज में किसान दुखी हैं. भाजपा ने उनका भरोसा तोड़ा है. नोटबंदी और जीएसटी से किसानों के हाथ खाली है. किसान को न तो मक्का, धान की फसल का न्यूनतम समर्थन मूल्य मिला और नहीं उसकी आय दुगनी हुई.

समाजवादी पार्टी ने जो मंडिया बनवाई उन्हें भी समाप्त कर दिया. किसान कहां जाए? उन्होंने कहा कि कृषि सुधार संबंधी कानून धोखा है, भाजपा ने भारत की बदनामी कराई है, इस किसान विरोधी सरकार को हटाएंगे. लॉकडाउन में 90 मजदूरों के मरने पर समाजवादी पार्टी ने एक-एक लाख रूपए की मदद की. बुन्देलखण्ड का किसान गरीब है.

‘किसान संवाद‘ कार्यक्रम श्री वृंदावन साहू तथा श्री करन साहू के खेत में हुआ. ‘किसान संवाद‘ कार्यक्रम में किसानों ने श्री अखिलेश यादव से यह भी कहा कि 2022 में आपके मुख्यमंत्री होने और समाजवादी सरकार बनने पर ही हमारी तकलीफें दूर होंगी। भाजपाराज से तो कोई उम्मीद नहीं है.

अखिलेश यादव ने गुरू नानक जयंती पर सभी को बधाई देते हुए कहा कि गुरू नानक देव जी की शिक्षाओं से समाज में नई तबदीली आई और उसको नई शक्ति तथा सम्मान मिला. उन्होंने धर्म का सच्चा व सही स्वरूप दिखाया. उन्होंने व्यक्तियों को मानवीय स्वतंत्रता का संकल्प दिया.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here